भारतीय-अमेरिकी ने दी UP को 500 करोड़ की सौगात, खुलेगा अस्पताल

भारत के उत्तर प्रदेश राज्य में 10-12 फरवरी तक चले ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में कुल मिलाकर 33.5 करोड़ के निवेश प्रस्ताव आए हैं। इनमें भारतीय अमेरिकी मृणालिनी सेठी भी हैं, जिन्होंने हृदय रोग से पीड़ित बच्चों के लिए इलाज के लिए 500 करोड़ रुपये निवेश करने का फैसला किया है। मृणालिनी गैर-लाभकारी संगठन सलोनी हर्ट फाउंडेशन की संस्थापक और अध्यक्ष हैं। वह अपने संगठन के जरिए यह निवेश करेंगी।

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में मृणालिनी सेठी अपने पति हिमांशू सेठी और संगठन से जुड़े एक प्रतिनिधिमंडल के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिली थीं। उन्होंने मुख्यमंत्री से जन्मजात हृदय रोग पीड़ित बच्चों के लिए एक समर्पित अस्पताल स्थापित करने का आग्रह किया और परियोजना के लिए 500 करोड़ रुपये निवेश करने की इच्छा व्यक्त की।

इसके बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य के संजय गांधी पोस्टग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (SGPGI) में एक अलग यूनिट स्थापित करने के निर्देश जारी किए हैं। इससे हृदय रोग से पीड़ित बच्चों को इलाज मिल सकेगा। कई बच्चे हृदय रोग के साथ पैदा होते हैं और उनमें से अनगिनत को जीवन के पहले वर्ष के भीतर सर्जरी की आवश्यकता होती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इसे सबको ध्यान में रखते हुए SGPGI में जल्द से जल्द सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन पीडियाट्रिक कार्डियोलॉजी यूनिट स्थापित की जाए।

सीएम योगी ने सलोनी हार्ट फाउंडेशन के प्रस्ताव का स्वागत किया है और सरकार की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया है। सलोनी हर्ट फाउंडेशन पहले चरण में 30 बिस्तरों वाली यूनिट शुरू करेगा। इसके सफल क्रियान्वयन के बाद दूसरे चरण में 100 बिस्तरों और तीसरे चरण में 200 बिस्तरों तक यूनिट का विस्तार किया जाएगा। एक बार चालू होने के बाद यह अस्पताल हृदय रोगों से पीड़ित कम से कम 5,000 बच्चों की सर्जरी करने और 10,000 और रोगियों का इलाज सुनिश्चित करने में सक्षम होगा।